কর্ম
जन्म कुंडली मे प्रथम भाव क्रियमाण पंचम भाव संचित व नवम भाव प्रारब्ध होता है।क्रियमाण व संचित पर मनुष्य का अधिकार होता है लेकिन प्रारब्ध पर नही।
क्रियमाण अच्छा या बुरा शुभ या अशुभ जो भी मनुष्य करता है उनपर पूर्ण अधिकार रहता है।अर्थात मनुष्य स्वतंत्र हैं वह शुभ या अशुभ कुछ भी कर सकता है मनुष्य चाहे तो शास्त्र विहित कर भी कर सकता हैऔर शास्त्र के प्रतिकूल कर्म भी।स्वतंत्र रूप से कुछ भी कर सकता है।
जिस प्रकार हमारा कर्म होगा ठीक उसी प्रकार संचित भी होगा।अर्थात कर्म पर जब हमारा अधिकार है तो संचित पर भी हमारा अधिकार होगा।
हम जैसा कर्म करते हैं उसी प्रकार संचित होता है ।इसी संचित के आधार पर प्रारब्ध का निर्माण होता है जो पूर्व जन्म कृत कर्म के भोग पर हमें भोगना पड़ता है।
प्रारब्ध को बदलना आसान नहीं है लेकिन सन्मार्ग पर चल कर अपने कर्म को बदलना कठिन भी नही।
गीता में भगवान इसलिये केवल कर्म के प्रति सजगता का पथ पढ़ाते हैं जिसका वर्तमान कर्म ठीक है उसका संचित अच्छा होगा ।जब संचित अच्छा है तो स्वतः प्रारब्ध भी अच्छा होगा ।
पूर्व जन्म के क्रम के आधार पर ही प्रारब्ध वस हमे भोगना पड़ता है।
सुख व दुख स्व कर्म के आधार पर ही हम भोगते है।शुभ कर्मों का सुख के रूप में अशुभ कर्मों का भोग दुख के रूप में ।वर्तमान में हम जो है तो हमारा पूर्व जन्मों का ही प्रतिफल है।
इसलिये श्रेष्ठ ज्ञानी जन सुख और दुख को समान मानकर जीवन व्यतीतकरते हैं।उनका मानना है जो है मेरा ही मुझे वापस मिल रहा है।तो इसमें दुःख किस बात की।।
सुख और दुःख तो मन की स्थिति है।मन जो मन लेता है हम वैसा हो जाते हैं।Aries weekly horoscope this week, Sun is placed in a prominent position with it’s 7th aspect on your lagana along with Mercury and Jupiter. Due to this positioning you got to be careful of your approach but at the same time a lot of your unfinished work will now be completed and there will be financial gain, prosperity and new opportunities for you. New doors will be opening for you and your financial progress will be on the rise. कार्यक्षेत्र के लिए समय अनुकूल हो सकता है। नौकरीपेशा लोग स्विच करना चाह रहे हैं तो समय अच्छा है। फायदा और सफलता दोनों मिलेगी। बिजनेस में भी फायदे वाला समय है। नए लोगों से मुलाकात हो सकती है। बड़े सौदे और लेन-देन में किस्मत का साथ मिलेगा। प्रॉपर्टी संबंधी कामों में भी फायदा होने के योग बन रहे हैं। रुका हुआ पैसा मिल सकता है। आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर रहेगी। लोन लेना पड़ सकता है, लेकिन समय से चुका भी देंगे। सरकारी कामकाज में सावधान रहें। पैनल्टी या किसी प्रकार का चालान भुगतान करने के योग बन रहे हैं। कुछ यात्राओं में नुकसान होने की संभावना है। सोचे हुए कुछ काम पूरे नहीं होने से दुखी भी हो सकते हैं। साथ काम करने वाले कुछ लोगों से सावधान रहें। कोई धोखा देने की कोशिश भी कर सकता है। विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षा में सफलता मिल सकती है । सेहत संबंधी सावधानी रखें। लापरवाही न करे। जोड़ो में दर्द हो सकता है। लिवर में किसी तरह की तकलीफ भी होने की संभावना बन रही है। किसी तरह का इन्फेक्शन या दवाईयों का साइड इफेक्ट भी हो सकता है।
क्रियमाण अच्छा या बुरा शुभ या अशुभ जो भी मनुष्य करता है उनपर पूर्ण अधिकार रहता है।अर्थात मनुष्य स्वतंत्र हैं वह शुभ या अशुभ कुछ भी कर सकता है मनुष्य चाहे तो शास्त्र विहित कर भी कर सकता हैऔर शास्त्र के प्रतिकूल कर्म भी।स्वतंत्र रूप से कुछ भी कर सकता है।
जिस प्रकार हमारा कर्म होगा ठीक उसी प्रकार संचित भी होगा।अर्थात कर्म पर जब हमारा अधिकार है तो संचित पर भी हमारा अधिकार होगा।
हम जैसा कर्म करते हैं उसी प्रकार संचित होता है ।इसी संचित के आधार पर प्रारब्ध का निर्माण होता है जो पूर्व जन्म कृत कर्म के भोग पर हमें भोगना पड़ता है।
प्रारब्ध को बदलना आसान नहीं है लेकिन सन्मार्ग पर चल कर अपने कर्म को बदलना कठिन भी नही।
गीता में भगवान इसलिये केवल कर्म के प्रति सजगता का पथ पढ़ाते हैं जिसका वर्तमान कर्म ठीक है उसका संचित अच्छा होगा ।जब संचित अच्छा है तो स्वतः प्रारब्ध भी अच्छा होगा ।
पूर्व जन्म के क्रम के आधार पर ही प्रारब्ध वस हमे भोगना पड़ता है।
सुख व दुख स्व कर्म के आधार पर ही हम भोगते है।शुभ कर्मों का सुख के रूप में अशुभ कर्मों का भोग दुख के रूप में ।वर्तमान में हम जो है तो हमारा पूर्व जन्मों का ही प्रतिफल है।
इसलिये श्रेष्ठ ज्ञानी जन सुख और दुख को समान मानकर जीवन व्यतीतकरते हैं।उनका मानना है जो है मेरा ही मुझे वापस मिल रहा है।तो इसमें दुःख किस बात की।।
सुख और दुःख तो मन की स्थिति है।मन जो मन लेता है हम वैसा हो जाते हैं।Aries weekly horoscope this week, Sun is placed in a prominent position with it’s 7th aspect on your lagana along with Mercury and Jupiter. Due to this positioning you got to be careful of your approach but at the same time a lot of your unfinished work will now be completed and there will be financial gain, prosperity and new opportunities for you. New doors will be opening for you and your financial progress will be on the rise. कार्यक्षेत्र के लिए समय अनुकूल हो सकता है। नौकरीपेशा लोग स्विच करना चाह रहे हैं तो समय अच्छा है। फायदा और सफलता दोनों मिलेगी। बिजनेस में भी फायदे वाला समय है। नए लोगों से मुलाकात हो सकती है। बड़े सौदे और लेन-देन में किस्मत का साथ मिलेगा। प्रॉपर्टी संबंधी कामों में भी फायदा होने के योग बन रहे हैं। रुका हुआ पैसा मिल सकता है। आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर रहेगी। लोन लेना पड़ सकता है, लेकिन समय से चुका भी देंगे। सरकारी कामकाज में सावधान रहें। पैनल्टी या किसी प्रकार का चालान भुगतान करने के योग बन रहे हैं। कुछ यात्राओं में नुकसान होने की संभावना है। सोचे हुए कुछ काम पूरे नहीं होने से दुखी भी हो सकते हैं। साथ काम करने वाले कुछ लोगों से सावधान रहें। कोई धोखा देने की कोशिश भी कर सकता है। विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षा में सफलता मिल सकती है । सेहत संबंधी सावधानी रखें। लापरवाही न करे। जोड़ो में दर्द हो सकता है। लिवर में किसी तरह की तकलीफ भी होने की संभावना बन रही है। किसी तरह का इन्फेक्शन या दवाईयों का साइड इफेक्ट भी हो सकता है।
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लग्न (D-1)
समग्र जीवन, प्रकृति, स्वास्थ्य, शिक्षा, कैरियर, शादी, बच्चों आदि
দশা অন্তরদশা
| रु | शुक्र | शुक्र | 26.08.2017 |
| गुरु | शुक्र | सूर्य | 04.02.2018 |
| गुरु | शुक्र | चंद् | 25.03.2018 |
| गुरु | शुक्र | मंगल | 14.06.2018 |
| गुरु | शुक्र | राहु | 10.08.2018 |
| गुरु | शुक्र | गुरु | 03.01.2019 |
| गुरु | शुक्र | शनि | 13.05.2019 |
| गुरु | शुक्र | बुध | 14.10.2019 |
| गुरु | शुक्र | केतु | 29.02.2020 |
| गुरु | सूर्य | सूर्य | 26.04.2020 |
| गुरु | सूर्य | चंद् | 11.05.2020 |
| गुरु | सूर्य | मंगल | 04.06.2020 |
| गुरु | सूर्य | राहु | 21.06.2020 |
| गुरु | सूर्य | गुरु | 04.08.2020 |
| गुरु | सूर्य | शनि | 12.09.2020 |
| गुरु | सूर्य | बुध | 28.10.2020 |
| गुरु | सूर्य | केतु | 08.12.2020 |
| गुरु | सूर्य | शुक्र | 25.12.2020 |
| गुरु | चंद् | चंद् | 12.02.2021 |
| गुरु | चंद् | मंगल | 25.03.2021 |
| गुरु | चंद् | राहु | 22.04.2021 |
| गुरु | चंद् | गुरु | 04.07.2021 |
| गुरु | चंद् | शनि | 07.09.2021 |
বর্তমান গোচর ২০১৭
Results of Jupiter-Venus dasha | Venus vimshottari antardasha under Jupiter Mahadasha
The planet Venus or Shukra is perceived to be one of the benefic planets which brings most of the positive effects to the person while it could also appear as adverse at some places. Here the combination of Jupiter and Venus would most of goodness to the person but as it lacks the strength due to both of them being soft planets, it would bring some difficulties as well.
The person in Jupiter-Venus dasha or Bhukti would attain good intellect and understanding which would take him/her towards the heights of acknowledgement and respect along with authority. The person would acquire good wealth in this period and would enjoy high and luxurious comforts. On the other part, the person would pursue much religious pursuits and would get inclined towards social services in Guru-Shukra bhukti.
The negative effects of this combination of Jupiter-Venus dasha or bhukti would lead towards increasing enmity around and distances in closed relations besides which the native would get involved in bad and immoral pursuits and habits. There could be Gastric aliments, unreasonable conflicts and lack of peace to the person. Altogether, there would be many reasons for mental distress but the happiness would play the major role in the antardasha of Venus in the mahadasha of Jupiterজুপিটার-ভেনাস দশা | বৃহস্পতি মহাদাসের অধীন ভিনস ভিমশাস্ত্রী আন্তর্ষ
গ্রহটি শুক্র বা শকড়াটি উপকারী গ্রহগুলির মধ্যে একটি বলে বিবেচিত হয় যা কিছু জায়গায় ব্যক্তিকে ইতিবাচক প্রভাব দেয় এবং এটি কিছু জায়গায় বিপরীত হিসাবে প্রদর্শিত হতে পারে। এখানে জুপিটার এবং শুক্র গ্রহের সংমিশ্রণ বেশিরভাগ ধার্মিকতাই ব্যক্ত করে কিন্তু যেহেতু এটি নরম গ্রহের উভয় কারণে শক্তির অভাব রয়েছে, এটি কিছু সমস্যাও আনতে পারে।
জুপিটার-ভেনাস দশা বা ভূপতির ব্যক্তিটি ভাল বুদ্ধি ও বোঝাপড়া অর্জন করবে যা কর্তৃপক্ষের সাথে স্বীকারোক্তি এবং সম্মানের উচ্চতা সম্পর্কে তাকে গ্রহণ করবে। ব্যক্তি এই সময়ের মধ্যে ভাল সম্পদ অর্জন এবং উচ্চ এবং বিলাসবহুল আরাম ভোগ করবে। অন্যদিকে, ব্যক্তিটি অনেক ধর্মীয় কাজ চালিয়ে যাবে এবং গুরু-শুকর বিভক্তিতে সামাজিক সেবা প্রতি আগ্রহী হবে।
জুপিটার-ভেনাস দশা বা ভূখণ্ডের এই সংমিশ্রনের নেতিবাচক প্রভাবগুলি বন্ধ সম্পর্কের প্রায় দ্বিমুখীতা ও সীমাবদ্ধতার দিকে অগ্রসর হতে হবে এবং পাশাপাশি স্থানীয়রা খারাপ ও অনৈতিক কাজে এবং অভ্যাসগুলির মধ্যে জড়িত হবে। গ্যাস্ট্রিক আলনাস, অযৌক্তিক দ্বন্দ্ব এবং ব্যক্তিদের শান্তি অভাব থাকতে পারে। একসঙ্গে, মানসিক যন্ত্রণার জন্য অনেক কারণ আছে কিন্তু সুখ জুপিটার মহাশে মধ্যে শুক্র গ্রহের antardasha প্রধান ভূমিকা পালন করবে
গ্রহটি শুক্র বা শকড়াটি উপকারী গ্রহগুলির মধ্যে একটি বলে বিবেচিত হয় যা কিছু জায়গায় ব্যক্তিকে ইতিবাচক প্রভাব দেয় এবং এটি কিছু জায়গায় বিপরীত হিসাবে প্রদর্শিত হতে পারে। এখানে জুপিটার এবং শুক্র গ্রহের সংমিশ্রণ বেশিরভাগ ধার্মিকতাই ব্যক্ত করে কিন্তু যেহেতু এটি নরম গ্রহের উভয় কারণে শক্তির অভাব রয়েছে, এটি কিছু সমস্যাও আনতে পারে।
জুপিটার-ভেনাস দশা বা ভূপতির ব্যক্তিটি ভাল বুদ্ধি ও বোঝাপড়া অর্জন করবে যা কর্তৃপক্ষের সাথে স্বীকারোক্তি এবং সম্মানের উচ্চতা সম্পর্কে তাকে গ্রহণ করবে। ব্যক্তি এই সময়ের মধ্যে ভাল সম্পদ অর্জন এবং উচ্চ এবং বিলাসবহুল আরাম ভোগ করবে। অন্যদিকে, ব্যক্তিটি অনেক ধর্মীয় কাজ চালিয়ে যাবে এবং গুরু-শুকর বিভক্তিতে সামাজিক সেবা প্রতি আগ্রহী হবে।
জুপিটার-ভেনাস দশা বা ভূখণ্ডের এই সংমিশ্রনের নেতিবাচক প্রভাবগুলি বন্ধ সম্পর্কের প্রায় দ্বিমুখীতা ও সীমাবদ্ধতার দিকে অগ্রসর হতে হবে এবং পাশাপাশি স্থানীয়রা খারাপ ও অনৈতিক কাজে এবং অভ্যাসগুলির মধ্যে জড়িত হবে। গ্যাস্ট্রিক আলনাস, অযৌক্তিক দ্বন্দ্ব এবং ব্যক্তিদের শান্তি অভাব থাকতে পারে। একসঙ্গে, মানসিক যন্ত্রণার জন্য অনেক কারণ আছে কিন্তু সুখ জুপিটার মহাশে মধ্যে শুক্র গ্রহের antardasha প্রধান ভূমিকা পালন করবে
| গ্রহ | অ | ব | রাশি | দ্রাঘিমাংশ | নক্ষত্র | পদ | সম্পর্ক |
| লগ্ন | ধনু | 19-51-48 | পূর্বাষাঢ়া | 2 | |||
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| মা | তুলা | 02-56-35 | চিত্রা | 3 | নীচ | |
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| অ | মা | তুলা | 08-09-58 | স্বাতী | 1 | নিরপেক্ষ |
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| মা | কন্যা | 04-19-06 | উত্তরফল্গুনী | 3 | শত্রু | |
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| অ | মা | তুলা | 10-37-50 | স্বাতী | 2 | মিত্র |
|
| অ | মা | তুলা | 08-01-10 | স্বাতী | 1 | শত্রু |
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| মা | কন্যা | 13-08-43 | হস্তা | 1 | নীচ | |
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| মা | বৃশ্চিক | 29-28-12 | জ্যেষ্ঠা | 4 | শত্রু | |
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| ব | কর্কট | 26-38-30 | অশ্লেষা | 3 | ||
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| ব | মকর | 26-38-30 | ধনিষ্ঠা | 1 | ||
| ইউরেনিয়াস | ব | মেষ | 02-29-38 | অশ্বিনী | 1 | ||
| নেপচুন | ব | কুম্ভ | 17-36-52 | শতভিষা | 4 | ||
| প্লুটো | মা | ধনু | 22-43-34 | পূর্বাষাঢ়া |
20/10/2017
স্বাতি [ রাহু ] চিত্রা [ মঙ্গল ] উত্তর ফাল্গুনী [সূর্য ] হস্তা [ চন্দ্র ] জ্যেষ্ঠা [ মঙ্গল ] অশ্লেষা [ বুধ ] ধনিষ্ঠা [মঙ্গল ]
ইউরেনাস [ মেষ -অশ্বিনী ] নেপচুন [ কুম্ভ -শতভিষা ] প্লুট [ ধনু পূর্বসারা ]मेष (Aries): सप्ताह की शुरुआत में आमदनी में वृद्धि करने के लिए कोई न कोई विचार करेंगे अथवा नए-नए प्रॉजेक्ट की तरफ ध्यान देंगे। इस समय परिवार के किसी भी सदस्य के बहसबाजी करने से बचें। जिनका पहले से पारिवारिक विवाद चल रहा है, इस समय उनके भी समाधान की संभावना कम दिखाई दे रही है। तारीख 16,17 को छोटी दूर की यात्रा हो सकती है। मैत्री संबंधों में प्रगति दिखाई दे रही है। छोटे भाई-बहन का साथ उत्तम रहेगा। इस समय आप कोई नया उद्यम शुरू करने का विचार बनाएंगे। समय उत्तम है, परंतु आवश्यकता से अधिक विचार करने में हाथ से अवसर न चला जाए उसका ख्याल रखें। इस समय विशेष रूप से अचल संपत्ति से संबंधित विवाद हल हो सकता है। महंगी वस्तु खरीदेंगे अथवा वाहन खरीदने का योग बन रहा है।आर्थिक
आर्थिक मामलों के लिए यह समय सर्वश्रष्ठ साबित हो सकता है। जीवनसाथी के नाम पर हाल में शुरु किया गया कोई भी व्यवसाय या निवेश आपको अच्छा लाभ प्रदान करेगा। अचल सम्पत्ति के सौदे, आभूषण इत्यादि के द्वारा अच्छे धन कमाने के अवसर आपके सामने आएंगे। प्रॉपर्टी डीलिंग, रेस्ट्रोरेंट, अग्नि सम्बन्धी कार्य, प्रिंटिंग, यत्रों से जुड़ा कार्य, गारमेंट्स, आयात-निर्यात, खाद्य सामग्री, से सम्बंधित कार्य करने वाले लोगों को काफी धन लाभ होने की सम्भावना है। इस दौरान अगर आप शेयर बाजार, सट्टे-लॉटरी में सोच समझकर इन्वेस्ट करें तो काफी पैसा कमा सकते हैं। सरकारी क्षेत्र से अच्छा लाभ होने की सम्भावना है। आपको नए आर्डर या ठेके मिल सकते हैं। साथ ही कहीं फंसा हुआ धन वापस मिल सकता है।
আজকের গোচর
আজকের গোচর
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